बेंगलुरु के जर्नलिस्ट कॉलोनी में कचरे का ढेर बीमारियों का बढ़ा खतरा: स्थानीय निवासी और राहगीर बेहाल, प्रशासन मौन:
आवारा पशुओं का जमावड़ा और सड़न की बदबू, संकरी गली और बाधित होता रास्ता:
हिन्द सागर,विनोद कोठारी संवाददाता, बेंगलुरु: फूलो की नगरी बेंगलुरू गार्डन सिटी कहे जाने वाले बेंगलुरु के एक प्रमुख इलाके से स्वच्छता अभियान की धज्जियां उड़ाती बेहद चिंताजनक तस्वीरें सामने आई हैं। बेंगलुरु के जर्नलिस्ट कॉलोनी, एमटीबी रोड (MTB Road) स्थित ‘न्यू संतोष ऑटोमोबाइल्स’ (नंबर 39/3), पिनकोड- 560002 के ठीक सामने मुख्य सड़क पर कचरे का एक विशाल डंपिंग यार्ड बन चुका है। इस गंदगी और प्रशासनिक लापरवाही की गवाही मौके से ली गई तस्वीरें साफ़ तौर पर दे रही हैं।
आवारा पशुओं का जमावड़ा और सड़न की बदबू:
तस्वीर में साफ़ देखा जा सकता है कि इस रिहायशी और कमर्शियल इलाके में चारों तरफ प्लास्टिक, सड़ा-गला खाना, कांच के टुकड़े और औद्योगिक कचरा फैला हुआ है। इस गंदगी के बीच कई आवारा गाय और मवेशी मुंह मारते हुए प्लास्टिक खाने को मजबूर हैं। स्थानीय दुकानदारों का कहना है कि यहाँ दिन-रात बदबू का माहौल रहता है, जिससे दुकानों पर बैठना और व्यापार करना दूभर हो गया है।
संकरी गली और बाधित होता रास्ता:
तस्वीर पर नजर डालें तो स्थिति और भी भयानक लगती है। कचरे का यह ढेर एक पूरी संकरी गली के बड़े हिस्से को घेर चुका है। इस रास्ते से गुजरने वाले पैदल यात्रियों, दोपहिया वाहनों और यहाँ तक कि कारों को भी भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। कचरे के ठीक बगल में गाड़ियां पार्क हैं और लोग उसी गंदगी के बीच से बचते-बचाते निकलने को मजबूर हैं।
बीमारियों का बढ़ा खतरा:
कचरे के इस ढेर के पास ही बिजली का एक ट्रांसफार्मर और खुला हुआ पुराना केबिन (लोहे का खोखा) भी पड़ा हुआ है, जो किसी बड़े हादसे को आमंत्रण दे रहा है। बारिश के मौसम में इस कचरे में पानी जमा होने से डेंगू, मलेरिया और चिकनगुनिया जैसी घातक बीमारियों के फैलने का खतरा कई गुना बढ़ गया है।
स्थानीय लोगों की मांग:
जर्नलिस्ट कॉलोनी के निवासियों और व्यापारियों ने बीबीएमपी (BBMP) और स्थानीय प्रशासन के खिलाफ भारी नाराजगी व्यक्त की है। उनका कहना है कि बार-बार शिकायत करने के बावजूद इस कचरे को यहाँ से हटाने के लिए कोई ठोस कदम नहीं उठाया गया है। स्थानीय लोगों ने चेतावनी दी है कि अगर जल्द ही ‘न्यू संतोष ऑटोमोबाइल्स’ के पास मौजूद इस डंपिंग यार्ड को साफ़ नहीं किया गया और यहाँ कचरा फेंकने वालों पर जुर्माना नहीं लगाया गया, तो वे उग्र प्रदर्शन करने के लिए मजबूर होंगे।