श्री कृष्णा गौशाला आश्रम होसुर बन्डे बेंगलुरु में भीषण आग, डेढ़ करोड़ से अधिक नुकसान:

श्री कृष्णा गौशाला आश्रम होसुर बन्डे बेंगलुरु में भीषण आग, डेढ़ करोड़ से अधिक नुकसान:

श्री कृष्णा गौशाला अग्निकांड मैं सुखा चारा और दो शेड जलकर खाक:

गौशाला में भीषण आग 24 घंटे की मशक्कत के बाद काबू, अग्निकांड मैं तीन गौ माता की मृत्यु और तीन गौमाता धुँआ की वजह से हालत गंभीर:

रमेश कुमार@हिन्द सागर,बेंगलूरु: बेंगलुरू शहर में श्री कृष्णा गौ सेवा आश्रम होसुर बंडे की गौशाला में मंगलवार सुबह एक बड़ी आगजनी की घटना ने पूरे क्षेत्र को झकझोर कर रख दिया। सुबह करीब 11:30 बजे गौशाला के चारा गोदाम में अचानक आग लग गई, जिसने देखते ही देखते आग ने विकराल रूप धारण कर लिया। आग मुख्य रूप से सूखी घास और दो टीन शेड के हिस्से में फैल गई, जिससे गोमाताओं के लिए रखा गया भारी मात्रा में चारा जलकर राख हो गया। गौरतलब है कि इस गौशाला में हजारों गोमाताओं का पालन-पोषण किया जाता है और इसका संचालन गौ प्रेमी गौसेवक पुखराज महाराज के नेतृत्व में किया जा रहा है, जो लंबे समय से निस्वार्थ भाव से गौ सेवा में लगे हुए हैं। घटना की सूचना मिलते ही सैकड़ों की संख्या में गौभक्त मौके पर पहुंच गए और बिना किसी संसाधन के भी आग बुझाने में जुट गए। वहीं फायर ब्रिगेड की तीन दमकल गाड़ियां मौके पर पहुंची और कड़ी मशक्कत के बाद करीब 24 घंटे में आग पर काबू पाया जा सका। हालांकि, जहां एक ओर गौभक्तों और फायर ब्रिगेड की तत्परता सराहनीय रही। बताया जा रहा है कि आग सुबह 11:30 बजे लगी, लेकिन स्थानीय विधायक और अन्य प्रशासनिक अधिकारी शाम करीब 6:30 बजे घटनास्थल पर पहुंचे। स्वामी पुखराज महाराज ने बताया कि आग की इस भयावह घटना में लगभग डेढ़ करोड़ रुपये का चारा जलकर खाक हो गया है। और दो शेड जो करीब 62 लाख रूपये की लागत से बनाया हुआ भी पुरी तरह से जलकर नष्ट हो गये। और तीन गौ माता का मृत्यु हुयी और तीन गौमाता धुँआ की वजह से हालत गंभीर है। इस घटना से गौशाला को भारी आर्थिक क्षति हुई है और गोभक्तों में गहरा दुःख एवं आक्रोश देखा जा रहा है। पुखराज महाराज ने बताया की ये सामजिक तत्वो द्वारा सोच्ची समझी साजिश के चलते लगाई गई आग से ये हादसा हुआ है। स्वामी पुखराज महाराज एवं उनके साथ सैकड़ों गोभक्तों ने गौशाला में हुई घटना के विरोध में चार किलोमीटर पैदल मार्च करते हुए बागलुर पुलिस स्टेशन पहुंचकर एफआईआर दर्ज करवाई। प्रशासन से मांग की गई है कि आगजनी की निष्पक्ष जांच कर दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए।